बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने पीडीपी और एनसी के सीमा पार से जोड़े तार

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जम्मू कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कल बड़े नाटकीय ढंग से जम्मू – कश्मीर विधानसभा भंग कर दी। वहीं बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने पीडीपी तथा कांग्रेस द्वारा मिलकर जम्मू – कश्मीर में मिलकर बहुमत का दावा पेश करने को सीमा पार के आदेश से जोड़ा है।

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक राम माधव ने कहा कि पीडीपी और नेशनल कांफ्रेंस ने पिछले महीने स्थानीय निकाय चुनाव का बहिष्कार किया क्योंकि उनके पास सीमा पार से निर्देश थे। संभवत: इस बार उन्हें एक साथ आने और सरकार बनाने के निर्देश मिले होंगे। उसके बाद उन्होंने राज्यपाल को इस मुद्दे को देखने के लिए कहा।

इसके अलावा बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने राज्यपाल द्वारा विधानसभा भंग करने के सवाल पर कहा, ‘केवल राज्यपाल ही जवाब दे सकते है कि क्यों राज्यपाल के घर की फैक्स मशीन काम नहीं कर रही थी। केवल उन्हें ही जवाब देना चाहिए लेकिन इस सबसे अलग महबूबा मुफ़्ती का अजीब बहाना है। उन्होंने अपने पत्र में कहीं भी जिक्र नहीं किया कि वो अपनी सरकार बनायेंगी, उन्होंने कहा कि वो राज्यपाल से मिलेगी और दावा करेंगी। इसलिए ये सब सिर्फ बहाना है।

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नेशनल कांफ्रेंस के उमर अब्दुल्ला ने बीजेपी के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए ट्वीट किया कि मैं आपको चुनौती देता हूँ कि आप अपने आरोपों को साबित करें। आपके पास रॉ, एनआईए और आईबी जैसी संस्थाएं (सीबीआई भी आपका तोता है) तो आपमें हिम्मत है अपने सबूतों को जनता के सामने रखने की। या तो आरोपों को साबित करो या फिर आदमी की तरह मांफी मांगने का साहस जुटाओ। गंदी राजनीति का प्रयोग न करें।

इसके अलावा उमर अब्दुल्ला ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि बीजेपी के एक वरिष्ठ नेता कहते है कि हमें पाकिस्तान से निर्देश मिले है। मैं राम माधव और उनके सहयोगियों को चुनौती देता हूँ, इसे सबूत के साथ साबित करें। आप मेरे सहकर्मियों के बलिदान का अपमान कर रहें है जिन्होंने पाकिस्तान के इशारों पर नाचने से मना कर दिया था।

गौरतलब हो कि महबूबा मुफ़्ती के सोशल मीडिया पर सरकार का दावा पेश करने के ट्वीट के बाद कुछ ही मिनटों के भीतर राज्यपाल मालिक ने विधानसभा भंग कर दी थी। जिसे कई पार्टियां अब तक लोकतंत्र की हत्या बता चुकी है वहीं राज्यपाल सत्यपाल मालिक ने इसको लेकर कुछ अन्य कारणों का हवाला दिया है।

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